यूक्रेन युद्ध में 32 घंटे का सीजफायर: ऑर्थोडॉक्स ईस्टर पर पुतिन और जेलेंस्की के बीच बनी सहमति

मॉस्को/कीव: पिछले चार सालों से जारी भीषण संघर्ष के बीच यूक्रेन युद्ध के मोर्चे से एक बड़ी और सकारात्मक खबर सामने आई है। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने ऑर्थोडॉक्स ईस्टर के पवित्र अवसर पर यूक्रेन में 32 घंटे के सीजफायर (युद्धविराम) की घोषणा की है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि यूक्रेनी राष्ट्रपति वलोडिमिर जेलेंस्की ने भी इस पहल का स्वागत करते हुए इसका पूर्ण पालन करने की पुष्टि की है।

सीजफायर का समय और नियम

क्रेमलिन द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार, युद्धविराम की समय-सीमा निम्नलिखित होगी:

  • शुरुआत: शनिवार (11 अप्रैल 2026) शाम 4:00 बजे से।

  • समाप्ति: रविवार (12 अप्रैल 2026) रात 12:00 बजे तक।

  • सैन्य आदेश: रक्षा मंत्री आंद्रेई बेलौसोव ने रूसी सेना को सभी दिशाओं में आक्रामक कार्रवाई रोकने का निर्देश दिया है, हालांकि सैनिकों को किसी भी संभावित ‘उकसावे’ का जवाब देने के लिए अलर्ट पर रखा गया है।

धार्मिक आस्था बनी युद्धविराम की वजह

रूस और यूक्रेन, दोनों ही देशों में ऑर्थोडॉक्स ईसाई धर्म को मानने वाली बड़ी आबादी है। इस साल ऑर्थोडॉक्स ईस्टर 12 अप्रैल को मनाया जा रहा है। राष्ट्रपति जेलेंस्की ने कहा कि लोगों को बिना किसी डर के इस त्योहार को मनाने का अधिकार है। उन्होंने उम्मीद जताई कि रूस इस ईस्टर के बाद भी हमले फिर से शुरू नहीं करेगा और इस शांति को दीर्घकालिक बनाने पर विचार करेगा।

अमेरिका-ईरान तनाव के बीच रूस का मास्टरस्ट्रोक?

दिलचस्प बात यह है कि यह फैसला ऐसे समय आया है जब पूरी दुनिया की नजरें इस्लामाबाद में होने वाली अमेरिका-ईरान शांति वार्ता पर टिकी हैं।

  1. स्वतंत्र फैसला: क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने स्पष्ट किया कि इस सीजफायर के लिए अमेरिका (ट्रंप प्रशासन) से कोई सलाह नहीं ली गई थी।

  2. पर्दे के पीछे की कूटनीति: पुतिन के विशेष दूत किरिल दिमित्रीव फिलहाल अमेरिका में हैं और शांति समझौते व आर्थिक सहयोग के लिए ट्रंप प्रशासन के साथ संपर्क में हैं।

पुरानी यादें और वर्तमान आशंकाएं

पिछले साल भी पुतिन ने 30 घंटे के ईस्टर सीजफायर का एलान किया था, लेकिन तब दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर उल्लंघन के आरोप लगाए थे। इस बार स्थिति थोड़ी अलग है क्योंकि:

  • जेलेंस्की लंबे समय से इस मानवीय ब्रेक की मांग कर रहे थे।

  • रूस ने हाल के दिनों में ऊर्जा बुनियादी ढांचों पर हमले तेज किए थे, लेकिन अब वह ‘नरम’ रुख दिखा रहा है।


प्रमुख बिंदु (Highlights):

  • ऑर्थोडॉक्स ईस्टर (12 अप्रैल) के लिए 32 घंटे का युद्धविराम।

  • पुतिन के आदेश पर रूसी सेना की आक्रामक कार्रवाई थमी।

  • जेलेंस्की ने सीजफायर का समर्थन किया और शांति की उम्मीद जताई।

  • किरिल दिमित्रीव अमेरिका में शांति समझौते के लिए सक्रिय।

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