जावेद अख्तर ने जिस गाने को लिखने से कर दिया था मना, किशोर कुमार की आवाज ने रच दिया इतिहास

मशहूर गीतकार जावेद अख्तर आज फिल्म इंडस्ट्री का एक ऐसा बड़ा नाम हैं, जिनके लिखे गानों और शायरियों के करोड़ों दीवाने हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि अपने करियर की शुरुआत में उन्होंने लीजेंड्री सिंगर किशोर कुमार के एक बेहद लोकप्रिय गाने को लिखने से साफ मना कर दिया था? हालांकि, जब यह गाना रिलीज हुआ, तो इसने सफलता के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए और जावेद अख्तर की किस्मत पूरी तरह बदल दी।

यश चोपड़ा के बहुत मनाने पर लिखा था यह सदाबहार गाना

हम बात कर रहे हैं साल 1981 में रिलीज हुई यश चोपड़ा की आइकॉनिक फिल्म ‘सिलसिला’ के सुपरहिट गाने “देखा एक ख्वाब तो ये सिलसिले हुए” की। इस फिल्म में अमिताभ बच्चन, जया बच्चन और रेखा मुख्य भूमिकाओं में थे। निर्देशक यश चोपड़ा इस फिल्म के लिए एक बेहद खास और रोमांटिक गाना तैयार करवाना चाहते थे। इसके लिए उन्होंने पहले मशहूर शायर साहिर लुधियानवी से संपर्क किया, लेकिन बात नहीं बन पाई। इसके बाद यश चोपड़ा यह गाना लिखवाने के लिए जावेद अख्तर के पास गए। उस समय जावेद अख्तर मुख्य रूप से फिल्मों की स्क्रिप्ट लिखा करते थे, इसलिए उन्होंने पहले यह गाना लिखने से साफ इंकार कर दिया था। लेकिन, यश चोपड़ा के बार-बार अनुरोध करने पर वे मान गए और यहीं से उनके गीतकार के सफर की एक शानदार शुरुआत हुई।

जब जावेद के शब्दों और किशोर-लता की आवाज ने जादू बिखेरा

‘सिलसिला’ फिल्म के इस रोमांटिक गीत को जावेद अख्तर के जादुई शब्दों, शिव-हरी की मनमोहक धुन और लीजेंड्री गायक किशोर कुमार तथा लता मंगेशकर की सुरीली आवाजों ने अमर बना दिया। अमिताभ बच्चन और रेखा पर फिल्माया गया यह गाना आज भी दर्शकों के दिलों पर राज करता है। इस एक गीत ने गीतकार के रूप में जावेद अख्तर के करियर को एक नई दिशा और मुकाम दिया, जिससे वह इंडस्ट्री के शीर्ष गीतकारों की फेहरिस्त में शामिल हो गए।

Check Also

Nana Patekar की मां को देर रात क्यों दी गई थी अंतिम विदाई? बेटे मल्हार पाटेकर ने बताई थी इसके पीछे की असली वजह

दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर भारतीय सिनेमा के उन गिने-चुने कलाकारों में से हैं जो अपनी …