LDA खोलेगा 4,000 और भूखंडों की बुकिंग, वरुण विहार में RERA मंजूरी के बाद शुरू होगा पंजीकरण

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में अपने घर या सुरक्षित जमीन का सपना देख रहे लोगों के लिए लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए) ने एक बड़ा और सुनहरा अवसर देने की तैयारी कर ली है। एलडीए की महत्वाकांक्षी ‘वरुण विहार आवासीय योजना’ में भारी जनरुझान को देखते हुए प्राधिकरण अब करीब 4,000 अतिरिक्त भूखंडों (प्लॉट्स) की नई बुकिंग खोलने जा रहा है। वर्तमान में चल रहे दो सेक्टरों के सफल पंजीकरण के बाद अब दो और नए सेक्टरों में भूखंडों के आवंटन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। इसके लिए एलडीए ने औपचारिक प्रस्ताव तैयार कर उत्तर प्रदेश रियल एस्टेट रेगुलेटरी अथॉरिटी (UP-RERA) को मंजूरी के लिए भेज दिया है। रेरा से ग्रीन सिग्नल मिलते ही इन 4 हजार नए भूखंडों के लिए पंजीकरण की खिड़की आधिकारिक तौर पर खोल दी जाएगी।

वरुण विहार योजना में लोगों का भारी रुझान

आगरा एक्सप्रेस-वे और आउटर रिंग रोड (किसान पथ) के करीब लगभग 6,580 एकड़ के विशाल कैनवास पर विकसित की जा रही वरुण विहार योजना को लेकर खरीदारों में जबर्दस्त उत्साह देखा जा रहा है। एलडीए के आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, मौजूदा पंजीकरण प्रक्रिया के दौरान अब तक 23,500 से अधिक लोग योजना के पोर्टल पर ऑनलाइन विजिट कर चुके हैं। इनमें से 11,800 से अधिक आवेदकों ने योजना की बुकलेट खरीदी है और लगभग 3,959 लोग सफलतापूर्वक पंजीकरण करा चुके हैं। लोगों की इसी भारी मांग और बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्राधिकरण ने पहले चरण के विस्तार का फैसला किया है।

रेरा की मंजूरी मिलते ही शुरू होगी बुकिंग

एलडीए के उपाध्यक्ष (VC) प्रथमेश कुमार ने इस संबंध में स्पष्ट किया कि वरुण विहार के दो नए सेक्टरों में भूखंडों की बुकिंग जल्द शुरू की जाएगी। उन्होंने बताया कि रियल एस्टेट नियमों का पूर्ण पालन सुनिश्चित करने के लिए पंजीकरण का प्रस्ताव रेरा को भेजा गया है। जैसे ही रेरा से अनापत्ति और पंजीकरण संख्या प्राप्त हो जाएगी, पोर्टल पर 4,000 नए भूखंडों के लिए ऑनलाइन आवेदन लाइव कर दिए जाएंगे। इससे उन हजारों आवेदकों को मनपसंद साइज और लोकेशन चुनने का अतिरिक्त विकल्प मिलेगा जो पिछले चरणों में आवेदन करने से चूक गए थे या जिन्हें और विकल्पों की तलाश थी।

किन साइज के होंगे भूखंड और क्या हैं सुविधाएं?

वरुण विहार योजना को राज्य की सबसे बड़ी आधुनिक और ‘सेल्फ-सस्टेनेबल’ सैटेलाइट टाउनशिप के रूप में विकसित किया जा रहा है। योजना में मध्यम और उच्च-मध्यम वर्ग की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए 112.5 वर्गमीटर, 162 वर्गमीटर, 200 वर्गमीटर, 288 वर्गमीटर, 300 वर्गमीटर और 450 वर्गमीटर तक के आवासीय भूखंड शामिल किए गए हैं। इस आवासीय क्षेत्र में चौड़ी सड़कें, भूमिगत सीवर लाइन, आधुनिक जल निकासी, बिजली ग्रिड, अंतरराष्ट्रीय स्तर के ग्रीन पार्क, स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स और लॉजिस्टिक्स हब जैसी विश्वस्तरीय सुविधाएं प्रस्तावित हैं। योजना की कनेक्टिविटी चारबाग रेलवे स्टेशन, चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और पूर्वांचल व आगरा एक्सप्रेस-वे से सीधी रहेगी।

कैसे और कहां करना होगा पंजीकरण?

एलडीए ने साफ किया है कि पारदर्शिता बनाए रखने के लिए सभी भूखंडों का पंजीकरण केवल प्राधिकरण के आधिकारिक पोर्टल (registration.ldalucknow.in) के माध्यम से ही ऑनलाइन स्वीकार किया जाएगा। आवेदकों को पोर्टल पर जाकर यूजर आईडी बनानी होगी, निर्धारित शुल्क देकर ई-बुकलेट डाउनलोड करनी होगी और संबंधित भूखंड के लिए पंजीकरण राशि जमा करनी होगी। प्राधिकरण के नियमों के तहत, जो आवेदक आवंटन के बाद एकमुश्त (फुल पेमेंट) भुगतान का विकल्प चुनते हैं, उन्हें लॉटरी आवंटन प्रक्रिया में वरीयता दी जाती है।

काश्तकारों को लैंड पूलिंग के तहत मिले विकसित भूखंड

एक अन्य महत्वपूर्ण घटनाक्रम में, एलडीए ने सुल्तानपुर रोड स्थित आईटी सिटी योजना के लिए लैंड पूलिंग नीति के तहत जमीन देने वाले 534 काश्तकारों को भी सोमवार को पारदर्शी लॉटरी के माध्यम से 800 विकसित भूखंड आवंटित किए हैं। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित इस ड्रॉ में किसानों के हाथों से ही पर्चियां निकलवाई गईं। इस कदम से एलडीए की पारदर्शी कार्यशैली पर जनता का भरोसा और मजबूत हुआ है, जिससे वरुण विहार के आगामी 4,000 भूखंडों के लिए भी रिकॉर्ड आवेदन आने की पूरी उम्मीद है।

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